सीएम योगी का यूपी के विकास पर दावा, कहा- 'बीमारू' मानसिकता से बाहर निकलकर विकास...

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में आयोजित एक कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के विकास, अर्थव्यवस्था, कानून-व्यवस्था और निवेश को लेकर सरकार की उपलब्धियां गिनाईं।

17 घंटे पहले

मंगलवार को लखनऊ में एक न्यूज चैनल के विशेष कॉन्क्लेव 'ऊंचाइयों पर यूपी' को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख किया। इस दौरान उन्होंने श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से जुड़े मामले पर भी अपनी बात रखी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछले 9 वर्षों में उत्तर प्रदेश ने कानून-व्यवस्था, निवेश, आधारभूत संरचना और आर्थिक विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है, उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और डबल इंजन सरकार की नीतियों के कारण प्रदेश 'बीमारू' राज्य की छवि से बाहर निकलकर देश की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो चुका है।

आस्था से खिलवाड़ करने वालों से सतर्क रहने की अपील

मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि मंदिर से जुड़े मामले में ट्रस्ट के अनुरोध पर गठित एसआईटी निष्पक्ष जांच कर रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है, उन्होंने कहा कि नैतिक आधार पर इस्तीफे भी हुए हैं, लेकिन कुछ लोग इस घटना की आड़ में आस्था और हिंदू धार्मिक स्थलों पर प्रहार करने का प्रयास कर रहे हैं, उन्होंने जनता से ऐसी ताकतों के प्रति सतर्क रहने की अपील की।

कानून-व्यवस्था में आया बड़ा बदलाव

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में दंगे, कर्फ्यू और अपराध आम बात थे। व्यापारी, किसान और बेटियां खुद को सुरक्षित महसूस नहीं करती थीं। कई परिवार सुरक्षा कारणों से अपनी बेटियों को प्रदेश से बाहर पढ़ने भेजने को मजबूर थे। उन्होंने कहा कि पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश ने दंगा और कर्फ्यू मुक्त राज्य के रूप में नई पहचान बनाई है और आज हर वर्ग खुद को अधिक सुरक्षित महसूस कर रहा है।

50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि बेहतर कानून-व्यवस्था के कारण प्रदेश निवेशकों की पहली पसंद बना है। वर्ष 2017 के बाद आयोजित निवेश सम्मेलनों के माध्यम से उत्तर प्रदेश को करीब 50 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिनमें 15 लाख करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाएं धरातल पर उतर चुकी हैं। उन्होंने कहा कि 'एक जिला-एक उत्पाद' (ओडीओपी) योजना ने पारंपरिक उद्योगों को नई पहचान दी है। प्रदेश में वर्तमान में 96 लाख एमएसएमई इकाइयां कार्यरत हैं, जिनसे सवा तीन करोड़ लोगों को रोजगार मिला है। साथ ही 75 जिलों के 79 उत्पादों को जीआई टैग भी मिला है।

तीन गुना हुई प्रदेश की अर्थव्यवस्था

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2016-17 में प्रदेश की जीएसडीपी लगभग 12 लाख करोड़ रुपये थी, जो अब बढ़कर 36 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। प्रदेश का बजट तीन लाख करोड़ रुपये से बढ़कर नौ लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है। प्रति व्यक्ति आय 43 हजार रुपये से बढ़कर 1.20 लाख रुपये से अधिक हो चुकी है। महिला कार्यबल की भागीदारी 12 प्रतिशत से बढ़कर 38 प्रतिशत से अधिक हो गई है, जबकि बेरोजगारी दर 19 प्रतिशत से घटकर तीन प्रतिशत से भी कम रह गई है।

एक्सप्रेसवे और कनेक्टिविटी में बड़ी छलांग

मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के कुल एक्सप्रेसवे नेटवर्क का लगभग 60 प्रतिशत हिस्सा उत्तर प्रदेश में है। पूर्वांचल, बुंदेलखंड, गोरखपुर लिंक और गंगा एक्सप्रेसवे जैसी परियोजनाओं ने प्रदेश की कनेक्टिविटी को नई दिशा दी है। लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे का संचालन भी शुरू हो चुका है। इसके अलावा सबसे अधिक एयरपोर्ट, मेट्रो नेटवर्क, रेलवे नेटवर्क और देश का पहला इनलैंड वॉटरवे भी उत्तर प्रदेश में है।

कृषि क्षेत्र में भी अग्रणी बना उत्तर प्रदेश

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश में गन्ना, चीनी और एथेनॉल उत्पादन में पहले स्थान पर है। वर्ष 2017 से अब तक किसानों के खातों में 3.23 लाख करोड़ रुपये से अधिक का गन्ना मूल्य भुगतान किया गया है। प्रदेश में 122 चीनी मिलों का संचालन हो रहा है। साथ ही पिछले नौ वर्षों में 24 लाख हेक्टेयर भूमि को सिंचाई सुविधा से जोड़ा गया है और वर्षों से लंबित सिंचाई परियोजनाओं को पूरा किया गया है।

9 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले नौ वर्षों में प्रदेश में नौ लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है। इनमें अकेले उत्तर प्रदेश पुलिस में 2.25 लाख से अधिक भर्तियां शामिल हैं। महिला पुलिसकर्मियों की संख्या भी 10 हजार से बढ़कर 45 हजार हो गई है।

कल्याणकारी योजनाओं का व्यापक लाभ

सीएम ने कहा कि प्रदेश में 16 करोड़ लाभार्थियों को मुफ्त राशन दिया जा रहा है। 1.6 करोड़ से अधिक परिवार विभिन्न पेंशन योजनाओं का लाभ उठा रहे हैं। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना से 25 लाख से अधिक बालिकाएं लाभान्वित हुई हैं, जबकि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत छह लाख से अधिक बेटियों का विवाह कराया जा चुका है। उन्होंने कहा कि सरकार समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास और कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।

 

 

 

Written By: M. Athar Uddin Munne Bharati

Edited By : Toshi Shah 

TNP News,

115 B Hind Saurashtra Indl Estate, Marol Metro Station Andheri East, Mumbai - 400059
Call: +91 9818841730, +91 9818821470
Email: info@tnpnews.in