अलग सोना...लेकिन रिश्तों में बढ़ रही है नज़दीकियां, जानिए क्या है स्लीप डिवोर्स

अब विदेशों में कई कपल्स इस सोच से अलग रास्ता अपना रहे हैं। अमेरिका, ब्रिटेन और कई अन्य देशों में "स्लीप डिवोर्स" यानी अलग-अलग कमरे या बिस्तर पर सोने का चलन तेजी से बढ़ रहा है।

4 घंटे पहले

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एक समय था जब पति-पत्नी का एक ही बिस्तर पर सोना अच्छे और मजबूत वैवाहिक रिश्ते की पहचान माना जाता था। हालांकि अब कई देशों में यह सोच बदल रही है। अमेरिका, ब्रिटेन और अन्य पश्चिमी देशों में "स्लीप डिवोर्स" का चलन तेजी से बढ़ रहा है। इसका अर्थ तलाक नहीं, बल्कि बेहतर नींद के लिए पति-पत्नी का अलग बिस्तर या अलग कमरे में सोना है। दिलचस्प बात यह है कि कई विशेषज्ञ और दंपति इसे रिश्तों में दूरी नहीं, बल्कि संतुलन और समझ बढ़ाने का तरीका मानते हैं।

क्यों बढ़ रहा है यह ट्रेंड?

आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में अच्छी नींद एक बड़ी जरूरत बन चुकी है। कई बार पार्टनर की आदतें दूसरे व्यक्ति की नींद में बाधा बन जाती हैं। जैसे तेज खर्राटे लेना, रात में बार-बार उठना, अलग समय पर सोना या जागना, मोबाइल का इस्तेमाल करना या कमरे के तापमान को लेकर अलग पसंद होना। इन कारणों से लगातार नींद प्रभावित होती है, जिसका असर मानसिक स्वास्थ्य, कार्यक्षमता और रिश्तों पर भी पड़ सकता है। ऐसे में कई दंपति बेहतर आराम और मानसिक शांति के लिए अलग सोने का विकल्प चुन रहे हैं।

युवा कपल्स भी अपना रहे हैं तरीका

यह व्यवस्था केवल उम्रदराज दंपतियों तक सीमित नहीं है। आज के युवा कपल्स भी अपनी अलग-अलग दिनचर्या के कारण इसे अपना रहे हैं। किसी की नाइट शिफ्ट होती है तो किसी को सुबह जल्दी काम पर जाना पड़ता है। वहीं छोटे बच्चों वाले परिवारों में भी कई बार माता-पिता बारी-बारी से बच्चे की देखभाल करने के लिए अलग सोते हैं, ताकि कम से कम एक व्यक्ति की नींद पूरी हो सके और वह अगले दिन सामान्य रूप से काम कर सके।

क्या इससे रिश्तों में दूरी आती है?

विशेषज्ञों का मानना है कि अलग सोने का फैसला रिश्ते में प्यार या विश्वास की कमी का संकेत नहीं है। किसी भी रिश्ते की मजबूती केवल एक बिस्तर साझा करने से नहीं, बल्कि आपसी सम्मान, खुली बातचीत, भरोसे और भावनात्मक जुड़ाव से तय होती है। कई दंपति सोने से पहले साथ समय बिताते हैं, बातचीत करते हैं और फिर आरामदायक नींद के लिए अलग कमरों में चले जाते हैं।

तनाव और चिड़चिड़ापन होता है कम

पर्याप्त नींद मिलने से तनाव और चिड़चिड़ापन कम होता है, जिससे छोटी-छोटी बातों पर होने वाले विवाद भी घट सकते हैं। यही कारण है कि कई देशों में "स्लीप डिवोर्स" को रिश्ते में दूरी नहीं, बल्कि दोनों की सेहत और संबंधों को बेहतर बनाए रखने का व्यावहारिक तरीका माना जा रहा है।

 

 

Written By Toshi Shah  

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