
किसी भी निर्माण कार्य की वास्तविक परीक्षा पहली बारिश को माना जाता है। बिहार के पूर्णिया जिले के बनमनखी जंक्शन पर अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत किए गए करोड़ों रुपये के पुनर्विकास की भी पहली बारिश में ऐसी ही परीक्षा हुई। बता दें, इस स्टेशन की नवनिर्मित प्लेटफॉर्म छत से हल्की बारिश के दौरान ही कई जगहों पर पानी टपकने लगा। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आने के बाद निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर लोगों में नाराजगी और सवाल दोनों बढ़ गए हैं।
हल्की बारिश में ही फव्वारे की तरह गिरने लगा पानी
सोमवार अहले सुबह हुई हल्की बारिश के दौरान स्टेशन पर मौजूद यात्रियों ने देखा कि नए प्लेटफॉर्म की छत से कई स्थानों पर लगातार पानी फव्वारे की तरह गिर रहा था। छत से गिरते पानी के कारण यात्रियों को भीगने से बचने के लिए इधर-उधर भागना पड़ा। जिस स्टेशन को आधुनिक सुविधाओं और बेहतर यात्री अनुभव के उद्देश्य से तैयार किया गया है, वहीं उद्घाटन से पहले ही उसकी छत का टपकना लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया।
स्थानीय लोगों ने साधा निशाना
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने निर्माण कार्य पर तंज कसते हुए कहा कि स्टेशन का उद्घाटन तो अभी बाकी है, लेकिन उसकी कमियां पहले ही सामने आ गई हैं। लोगों का कहना है कि यदि हल्की बारिश में ही छत की यह स्थिति है, तो पूरे मानसून के दौरान यात्रियों को और अधिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। लोगों ने निर्माण एजेंसी की कार्यप्रणाली और गुणवत्ता नियंत्रण पर भी सवाल उठाए हैं।
आधुनिक सुविधाओं से लैस बनाया गया है स्टेशन
कोसी-सीमांचल क्षेत्र के महत्वपूर्ण रेलवे स्टेशन बनमनखी जंक्शन का अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत व्यापक पुनर्विकास किया गया है। स्टेशन पर भव्य प्रवेश द्वार, विशाल पार्किंग, आधुनिक प्रतीक्षालय, स्वच्छ शौचालय, प्लेटफॉर्म का नवीनीकरण, लिफ्ट, एस्केलेटर, डिजिटल सूचना प्रणाली तथा स्थानीय कला एवं संस्कृति पर आधारित आकर्षक सजावट जैसी कई सुविधाएं विकसित की गई हैं। इस स्टेशन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किए जाने का प्रस्ताव है।
निरीक्षण के बावजूद सामने आई खामियां
समस्तीपुर रेल मंडल के मंडल रेल प्रबंधक (DRM) ज्योति प्रकाश मिश्रा उद्घाटन से पहले कई बार स्टेशन का निरीक्षण कर चुके हैं। 27 जून को भी उन्होंने स्टेशन परिसर, सर्कुलेटिंग एरिया, निर्माणाधीन फुट ओवरब्रिज और अन्य विकास कार्यों का जायजा लिया था। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि सभी कार्य निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुरूप समय पर पूरे किए जाएं और उद्घाटन से पहले शेष कमियों को दूर कर लिया जाए।
तकनीकी जांच की उठी मांग
पहली ही बारिश में छत से पानी टपकने की घटना ने करोड़ों रुपये की इस परियोजना की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों और यात्रियों ने रेलवे प्रशासन से पूरे निर्माण कार्य की तकनीकी जांच कराने तथा उद्घाटन से पहले सभी खामियों को दूर करने की मांग की है। अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या रेलवे समय रहते इन कमियों को दूर कर पाएगा या फिर अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत तैयार यह परियोजना पहली ही बारिश में अपनी कमजोरियों के कारण सवालों के घेरे में बनी रहेगी।
Written By: Geeta Sharma















