.jpg)
अगर आप अक्सर अपने पार्टनर के पास रहते हुए नींद या सुस्ती महसूस करते हैं, तो इसे बोरियत या दूरी का संकेत न समझें। यह दरअसल इमोशनल सिक्योरिटी की निशानी है। रिसर्च के अनुसार, हमारी मानसिक स्थिति और नींद का गहरा संबंध होता है। जो लोग अपने रिश्तों में सुरक्षित महसूस करते हैं, उनकी नींद अधिक आरामदायक और गहरी होती है। पार्टनर के पास रहकर शरीर और दिमाग दोनों रिलैक्स मोड में चले जाते हैं, जिससे तनाव कम होता है और नींद जल्दी आती है।
सुरक्षित माहौल शरीर को रिलैक्स करता है
जब आप किसी ऐसे व्यक्ति के साथ होते हैं, जिससे आपका भरोसा और सुकून जुड़ा होता है, तो आपका शरीर अपने रिलैक्स मोड में चला जाता है। इसके कारण हार्मोन संतुलित रहते हैं और नर्वस सिस्टम शांत होता है। इस दौरान ऑक्सीटोसिन (लव हार्मोन) बढ़ता है, जो तनाव बढ़ाने वाले कॉर्टिसोल को कम करता है और गहरी नींद में मदद करता है।
स्वास्थ्य पर सकारात्मक असर
कैलेंड्रिज यूनिवर्सिटी की स्टडी के अनुसार, जिन लोगों का अटैचमेंट सिक्योर होता है, उनकी नींद और ओवरऑल हेल्थ दोनों बेहतर रहती हैं। भरोसे और प्यार की वजह से दिल की धड़कन और ब्लड प्रेशर सामान्य रहते हैं। शरीर का पैरासिम्पैथेटिक नर्वस सिस्टम सक्रिय होता है, जिसे ‘रेस्ट एंड डाइजेस्ट’ मोड कहते हैं। इसका सीधा फायदा यह होता है कि आप आराम महसूस करते हैं और नींद जल्दी आती है।
मन की शांति और इमोशनल मजबूती
अकेले रहने पर दिमाग में “अगर कुछ गलत हो गया तो?” जैसी चिंताएं रहती हैं। वहीं, सपोर्टिव और समझदार पार्टनर के साथ मन शांत रहता है। इससे तनाव कम होता है, नींद बेहतर आती है, दिमाग तेज काम करता है और इम्यूनिटी मजबूत होती है। यही कारण है कि पार्टनर के पास नींद आना रिश्ते की गहराई और आपकी हेल्थ दोनों का संकेत है।
- YUKTI RAI

.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)

.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)
.jpg)