राष्ट्रपति मुर्मू से विपक्षी पैनल की मुलाकात: राहुल गांधी ने उठाया 'वोट चोरी' का मुद्दा, महामहिम ने मांगा सबूत
Opposition Delegation : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से शुक्रवार शाम को विपक्षी नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात की। मुख्य चुनाव आयुक्त ( सीईसी ) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल की 45 मिनट से भी ज्यादा देर तक चली बैठक के बाद राष्ट्रपति ने कथित "वोट चोरी" के सबूत मांगे।
क्या बोले राहुल गांधी?
नेता प्रतिपक्ष गांधी ने बैठक के बाद कहा, मुझे वास्तव में उम्मीद थी कि भारत के राष्ट्रपति द्वारा वोट चोरी होने से इनकार का जवाब मिलेगा। मुझे उम्मीद है कि भारत में स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव प्रणाली रहे।
लोकतंत्र को नष्ट करने का आरोप
प्रतिनिधिमंडल द्वारा मुख्य चुनाव आयुक्त, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर लोकतंत्र को कमजोर करने की "साजिश" करने का भी आरोप लगाया।
प्रधानमंत्री, गृहमंत्री अमित शाह और ज्ञानेश कुमार ने लोकतंत्र को नष्ट करने की साजिश रची है।
क्या बोला विपक्षी प्रतिनिधिमंडल
विपक्षी प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि, राष्ट्रपति ने हमारी बात खंडन नहीं किया। उन्होंने हमारे बयान को स्वीकार कर कहा कि हमें 'वोट चोरी' का सबूत लाना होगा। विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने राष्ट्रपति भवन में बैठक के बाद पत्रकारों से कहा।
कौन-कौन बना बैठक का हिस्सा?
राष्ट्रपति से हुई मुलाकात और बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खर्गे, तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी , जम्मू और कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला , एनसीपी (एसपी) की सुप्रिया सुले, एसपी के राजीव राय, आरजेडी के मनोज झा, वीसीके प्रमुख थोल. थिरुमावलवन, सीपीआई (एम) के महासचिव एमए बेबी और सीपीआई के डी राजा शामिल हुए।
मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग
CJP मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और मतदाता सूची (Electoral rolls) के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर विरोध प्रदर्शन कर रही है।