टीएनपी न्यूज़
होम / राज्य
राज्य

महाराष्ट्र में अग्निवीरों को सरकारी नौकरियों में मिलेगा आरक्षण, CM देवेंद्र फडणवीस का ऐलान

Shivani Gupta · 23 अक्टूबर 2026
महाराष्ट्र में अग्निवीरों को सरकारी नौकरियों में मिलेगा आरक्षण, CM देवेंद्र फडणवीस का ऐलान

महाराष्ट्र: महाराष्ट्र सरकार अग्निवीरों को सरकारी नौकरियों में आरक्षण देने की दिशा में कदम उठाने जा रही है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसकी घोषणा की है। इस फैसले का उद्देश्य सेना में सेवा देने के बाद नागरिक जीवन में लौटने वाले अग्निवीरों को रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराना है।

अग्निपथ योजना के तहत भारतीय सेना में भर्ती होने वाले अग्निवीर चार साल तक सेवा देते हैं। इसके बाद निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार कुछ अग्निवीरों को नियमित सेवा में बने रहने का अवसर मिलता है, जबकि अन्य को सेना से बाहर आना पड़ता है। ऐसे में उनके सामने रोजगार और करियर की नई दिशा चुनने की चुनौती होती है।

सरकारी नौकरियों में अवसर बढ़ाने की तैयारी

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की घोषणा के बाद महाराष्ट्र में अग्निवीरों के लिए सरकारी रोजगार के अवसरों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। सरकारी नौकरियों में आरक्षण मिलने से सेना में प्रशिक्षण और अनुभव हासिल करने वाले युवाओं को राज्य की विभिन्न सरकारी सेवाओं में अवसर मिल सकते हैं।

हालांकि, आरक्षण का प्रतिशत, किन विभागों और पदों पर यह लागू होगा तथा इसके लिए पात्रता की शर्तें क्या होंगी, इनका विस्तृत विवरण आधिकारिक आदेश के बाद ही स्पष्ट होगा।

अग्निवीरों को कैसे मिल सकता है फायदा?

अग्निवीरों को सेना में सेवा के दौरान अनुशासन, शारीरिक दक्षता, टीमवर्क और कठिन परिस्थितियों में काम करने का अनुभव मिलता है। ये क्षमताएं पुलिस, सुरक्षा सेवाओं और अन्य सरकारी विभागों की नौकरियों में उपयोगी साबित हो सकती हैं।

सरकारी नौकरियों में आरक्षण या विशेष अवसर उपलब्ध होने से चार साल की सैन्य सेवा पूरी करने वाले युवाओं को अपने अनुभव का लाभ उठाने में मदद मिल सकती है। इससे उन्हें सेवा के बाद रोजगार तलाशने में भी सहूलियत मिलने की उम्मीद है।

क्या है अग्निपथ योजना?

अग्निपथ योजना केंद्र सरकार की सैन्य भर्ती योजना है, जिसके तहत युवाओं को भारतीय सशस्त्र बलों में चार साल के लिए अग्निवीर के रूप में भर्ती किया जाता है। चार साल की सेवा पूरी होने पर प्रदर्शन और निर्धारित मानदंडों के आधार पर अधिकतम 25 प्रतिशत तक अग्निवीरों को नियमित कैडर में शामिल करने के लिए चुना जा सकता है। बाकी अग्निवीर सेवा से मुक्त होते हैं और अपने भविष्य के करियर की ओर बढ़ते हैं।

महाराष्ट्र सरकार की इस घोषणा के लागू होने से राज्य में सेवा पूरी कर चुके अग्निवीरों के लिए रोजगार के नए रास्ते खुल सकते हैं। हालांकि, इस व्यवस्था का वास्तविक लाभ आरक्षण की अंतिम शर्तों और आधिकारिक अधिसूचना पर निर्भर करेगा।

यह भी पढ़ें:Jio Platforms IPO ने तोड़ा रिकॉर्ड, 1 करोड़ से अधिक आवेदन मिलने का दावा