असम में बाल विवाह विरोधी कानून का असर! CM हिमंता बिस्वा सरमा ने पोस्ट कर लिखा- 'बाल विवाह से मुक्त असम'
देश में बाल विवाह जैसी प्रथा ने अभी भी कई राज्यों में अपनी जड़े फैला रखी हैं। कड़े नियम कानूनों को ताक पर रखकर बाल विवाह आसानी से कर रहे हैं। मासूम बच्चियों के भविष्य को बाल विवाह की बेड़ियों से मुक्त कराने के लिए असम के सीएम हिमंता सरमा बिसवा ने बड़ी चुनौती की तरह लिया है। इसी का नतीजा है, कि बाल विवाह मामले में पुलिस ने देर शाम 524 आरोपियों को गिरफ्तार कर 441 केस दर्ज किए हैं। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह है कि असम जल्द ही बाल विवाह मुक्त हो जाएगा?
ChildMarriageCrackdown पर एक छोटा सा अपडेट
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर इस कार्रवाई की जानकारी साझा करते हुए कहा कि इस जघन्य अपराध में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और राज्य को बाल विवाह से पूरी तरह मुक्त किया जाएगा। असम में बाल विवाह के खिलाफ चल रहे विशेष अभियान के तहत शाम 5:00 बजे तक 524 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और कुल 441 मामले दर्ज किए गए हैं। सीएम हिमंता बिसवा ने लिखा कि इस प्रथा में शामिल लोगों को बख्शा नहीं जाएगा। CM ने अपनी पोस्ट की शुरूआत में लिखा- #ChildMarriageCrackdown पर एक छोटा सा अपडेट...!
मुख्य गिरफ्तारी
गिरफ्तारियां: 524 लोग
दर्ज मामले: 441 केस
प्रमुख प्रभावित जिले: धुबरी, गोलपारा, बारपेटा, और दक्षिण सलमारा आदि
आरोपी लोगों में माता-पिता भी शामिल
धुबरी जिले में पुलिस की सबसे बड़ी कार्रवाई देखने को मिली। इसी क्षेत्र से पुलिस ने बाल विवाह मामले में शामिल सबसे ज्यादा आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने असम सीएम के निर्देश पर धुबरी इलाके के 9 थाना क्षेत्रों में बड़ी कार्रवाई की। पुलिस ने बाल विवाह के मामलों में 63 लोगों को हिरासत में लिया। हिरासत में लिए गए लोगों में बाल विवाह में शामिल होने वाले आरोपी लोगों में माता-पिता भी शामिल हैं।
पुलिस ने पहले भी की थी कार्रवाई
जानकारी के मुताबिक धुबरी सदर पुलिस स्टेशन की सीमा के पास से तकरीबन 18 लोगों को हिरासत में लिया गया। गौरीपुर से 8 गोलकगंज से 15, अगोमोनी से 1, तामरहाट से 2, बिलासीपारा से 9, चापर से 5 और फकीरगंज से 5 लोगों को हिरासत में लिया गया। बता दें कि असम में अभी भी पुलिस इस मामले को गंभीरता से लिए हुए हैं।
जगह-जगह अभियान चलाकर बाल विवाह विरोधी अभियान के तहत गिरफ्तारी करने में लगी है। पुलिस ने साल 2024 में 22 दिसंबर को भी एक अभियान चलाया था, जिसमें 68 लोगों को गिरफ्तार किया। इस ऑपरेशन में कथित तौर पर उस समय दक्षिण सलमारा-मनकाचर जिले से 42 लोगों को पकड़ा गया था।
नई मुहिम का आगाज
पुलिस की इस कार्रवाई से असम में बाल विवाह के खिलाफ एक नई मुहिम का आगाज कर दिया है। जिसमें धुबरी एक बार फिर पुलिस ऑपरेशन का मुख्य केंद्र बना। जैसे-जैसे इस मुहिम को आगे चलाया जा रहा है, तो वह दिन दूर नहीं जब असम जल्द ही बाल विवाह की बेड़ियों से मुक्त हो जाएगा।
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